Dehradun News: विकासनगर में हथियार लैस अपराधियों ने मचाया तांडव, ऑफिस में घुसकर की पिटाई, केस दर्ज

देहरादून के विकासनगर इलाके में 25 फरवरी 2026 की सुबह एक ऐसी दहशतनाक वारदात हुई जो सुनने में किसी फिल्मी दृश्य जैसी लगती है, लेकिन थी बिल्कुल हकीकत. करीब 11:30 बजे पूर्वाह्न, जब संजय पुत्र रघुवीर सिंह अपने ढकरानी स्थित कार्यालय में रोज की तरह काम में लगे हुए थे, तभी बाहर से लोहे की रॉड, सरिया, तलवार और दूसरे घातक हथियारों से लैस एक भीड़ आ धमकी.
FIR के मुताबिक, संजय ने बताया है कि यह कोई आवेश में किया गया काम नहीं था. बल्कि ये सब पूर्वनियोजित आपराधिक षड्यंत्र के तहत कार्यालय पर हमला किया गया था. एफआईआर के मुताबिक, हमलावरों ने जीवनगढ़ विकासनगर के रहने वाले बिलाल, खालिक, फरमान, मुरसलीन, सद्दाम, मारूफ, मुबारक, मुस्तफा और साबिर के साथ 5-6 अज्ञात व्यक्ति भी थे.
आते ही धमकी, फिर बेरहमी से पिटाई
आरोपियों ने दफ्तर में घुसते ही गाली-गलौज शुरू कर दी और जान से मारने की धमकी देते हुए तुरंत संजय पर टूट पड़े. उन्हें जमीन पर पटककर बेरहमी से मारा-पीटा. बिलाल और साबिर ने तो धारदार हथियारों से संजय के सिर, पीठ, हाथ और बाजू पर कई वार किए जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं. संजय ने FIR में लिखा कि यदि समय रहते वहां मौजूद अन्य लोग बीच-बचाव के लिए न आते तो उनकी जान भी जा सकती थी.
हमले के दौरान दो ट्रैक्टर भी मौके पर लाए गए. ट्रैक्टर स्वराज 855 नंबर UK16 CA 3542 जो मुरसलीन से संबंधित बताया गया, और ट्रैक्टर नंबर UK16 CA 2840. संजय के मुताबिक इनका मकसद कार्यालय के सामने खड़े करके दबाव और भय का माहौल बनाना था. पुलिस वाहन आता देख, आरोपी अपने वाहन लेकर मौके से फरार हो गए.
तोड़फोड़, दस्तावेज नष्ट और आग की धमकी
भागने से पहले आरोपियों ने कार्यालय में जमकर तोड़फोड़ मचाई. शीशे तोड़े, दरवाजे उखाड़े, कंप्यूटर और प्रिंटर क्षतिग्रस्त किए और महत्वपूर्ण दस्तावेज नष्ट कर दिए. जाते वक्त उन्होंने खुलेआम यह धमकी दी कि कार्यालय में आग लगा देंगे और अगर दोबारा यहां काम किया तो अंजाम जानलेवा होगा.
FIR और लगाई गई धाराएं
थाना विकास नगर में FIR नंबर 0058/2026 दर्ज की गई है. भारतीय न्याय संहिता 2023 की सात धाराओं के तहत मुकदमा कायम हुआ — धारा 115(2) यानी स्वेच्छा से गंभीर चोट पहुंचाना, धारा 191(1) और 191(2) यानी डकैती की तैयारी और डकैती, धारा 324(4) जो संपत्ति को नुकसान से संबंधित है, धारा 333 यानी घर में अतिक्रमण, धारा 351(3) आपराधिक धमकी और धारा 352 यानी जानबूझकर अपमान. जांच उपनिरीक्षक ओमवीर सिंह को सौंपी गई है.
दस आरोपी, सब नामजद
इस मामले की एक खास बात यह है कि शिकायतकर्ता संजय ने नौ आरोपियों को नाम लेकर नामजद किया है और एक अज्ञात भी है. सभी नामजद आरोपी जीवनगढ़ या ढकरानी विकासनगर के ही निवासी हैं यानी यह पड़ोस का ही मामला है जो किसी पुरानी रंजिश या विवाद की परिणति लगती है. संजय ने पुलिस से आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी और उन्हें व उनके कार्यस्थल को आवश्यक सुरक्षा प्रदान करने की मांग की है.



