मुंबई: पहचान बदलकर जीता बच्ची का भरोसा, यौन शोषण की कोशिश के दौरान पकड़ा गया

मुंबई से सटे वसई इलाके में समाज को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है. यहां 12 साल की नाबालिग बच्ची को झूठी पहचान के सहारे बहलाया गया, डराया गया और फिर उसके साथ यौन शोषण की कोशिश की गई. इस मामले में चौकाने वाला मामला सामने तब आया जब पता चला की आरोपी लड़का राकेश यादव नहीं, बल्कि अब्दुल रहमान शाह है. इसके बाद हिंदू संगठनों और लड़के के दोस्तों ने पुलिस थाने पर डेरा जमा दिया.
लड़की के पिता ने दी यह जानकारी
पिता के बयान के मुताबिक आरोपी युवक ने पहले खुद को राकेश यादव बताया और इसी नाम से बच्ची का भरोसा जीता. भरोसा कायम करने के बाद उसने एक एकांत स्थान पर बच्ची को पहली बार जबरन चूमा. डर और मानसिक दबाव में आई मासूम बच्ची ने यह बात किसी को नहीं बताई और चुप रही.
जांच में सामने आया की करीब एक हफ्ते बाद आरोपी अब्दुल रहमान शाह नाबालिग बच्ची को तुंगारेश्वर के सुनसान इलाके में ले गया. आरोप है कि वहां वह बच्ची के साथ यौन शोषण का प्रयास कर रहा था, तभी मौके पर मौजूद कुछ स्वयंसेवकों की नजर पड़ी.
मामले पर स्वयंसेवकों ने किया हस्तक्षेप
स्थिति की गंभीरता को समझते हुए स्वयंसेवकों ने तुरंत हस्तक्षेप किया, आरोपी को रोका और पूछताछ शुरू की. इस दौरान युवक ने पहले अपना नाम राकेश यादव बताया, लेकिन कड़ी पूछताछ के बाद उसने स्वीकार किया कि उसका असली नाम अब्दुल रहमान शाह है.
हिंदू संगठनों ने पुलिस को सूचना दी और पुलिस की सतर्कता से मासूम की इज्जत बची. इसके बाद बच्ची को सुरक्षित उसके माता-पिता के हवाले किया. पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया और उसे गिरफ्तार कर लिया.
पीड़िता पर आरोपी के दोस्तों ने बनाया दवाब
मामले में एक और चौंकाने वाला मोड़ तब आया जब आरोपी की गिरफ्तारी के बाद उसके कुछ मुस्लिम दोस्तों ने पीड़िता पर लगातार दबाव बनाना शुरू कर दिया. शिकायत वापस लेने के लिए लिए धमकियां दी गईं और बच्ची को मानसिक व यौन उत्पीड़न का सामना करना पड़ा. पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने इन सहयोगियों के खिलाफ भी नई एफआईआर दर्ज कर ली है. पुलिस पूरे मामले में शामिल सभी लोगों की भूमिका की जांच कर रही है.



