गोंडा: कौशिक महाराज की मांग, ‘गाय को राष्ट्र माता और भारत को हिंदू राष्ट्र घोषित करे सरकार’

उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले में एक प्रेस वार्ता के दौरान पूज्य कौशिक जी महाराज ने केंद्र और प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए. उन्होंने गौ रक्षा, हिंदू राष्ट्र और हालिया यूजीसी (UGC) बिल जैसे संवेदनशील मुद्दों पर खुलकर अपनी राय रखी और सरकार को आड़े हाथों लिया. महाराज जी ने सीधे तौर पर केंद्र और राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री स्वयं गौ-प्रेमी हैं और गाय की पूजा करते हैं, लेकिन प्रशासन के निचले स्तर पर अधिकारियों और कर्मचारियों में वह सेवा भाव नहीं है.
उन्होंने आरोप लगाया कि गायों के कटने का सिलसिला आज भी बदस्तूर जारी है. उन्होंने मांग की कि गाय को ‘राष्ट्रीय पशु’ और ‘गौ माता’ घोषित किया जाना चाहिए. महाराज ने कहा, “कमाने के और भी साधन हो सकते हैं, गौ मांस बेचकर पैसा कमाना पाप है. गौ रक्षा के लिए ऐसे कड़े कानून बनने चाहिए जिससे कोई गाय की तरफ आंख उठाकर न देख सके.”
हिंदू राष्ट्र और लव जिहाद पर तीखे बोल
प्रेस वार्ता के दौरान महाराज ने प्रधानमंत्री के तीसरे कार्यकाल का जिक्र करते हुए कहा कि हम लंबे समय से इंतजार कर रहे हैं कि गाय को राष्ट्र माता और भारत को हिंदू राष्ट्र घोषित किया जाए. उन्होंने एक विवादित बयान देते हुए कहा कि हिंदू को दूसरे धर्मों से उतना खतरा नहीं है जितना खुद हिंदुओं से है, क्योंकि जब भी कोई हिंदू धर्म की बात करता है, तो समाज के अपने ही लोग उसकी आलोचना करने लगते हैं. लव जिहाद के मुद्दे पर उन्होंने अभिभावकों को आगाह किया कि वे अपने बच्चों पर विशेष नजर रखें.
यूजीसी बिल का विरोध: ‘समाज को बांटने की साजिश’
कौशिक जी महाराज ने सरकार द्वारा लाए गए यूजीसी बिल पर कड़ा विरोध दर्ज कराया. उन्होंने इसे समाज में नफरत फैलाने और समाज को बांटने वाला कदम बताया. उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा, “जैसे शरीर का एक अंग काट देने से शरीर अधूरा हो जाता है, वैसे ही समाज के विभिन्न वर्गों को अलग करना देश को कमजोर करना है. सभी वर्ग एक हैं और सरकार का यह कदम पूरी तरह गलत है.”
इस प्रेस वार्ता ने स्थानीय राजनीति और धार्मिक हलकों में चर्चा छेड़ दी है, क्योंकि महाराज ने अपनी ही विचारधारा से जुड़ी सरकारों को स्पष्ट आईना दिखाने की कोशिश की है.



