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Maharashtra: पहले रेप, फिर जबरन धर्म परिवर्तन और अब शादी… नाबालिग पर अत्याचार के आरोप में 5 पर FIR

Solapur Crime News : सोलापुर शहर से एक बहुत ही सनसनीखेज खबर सामने आई है.  इसमें एक नाबालिग लड़की के साथ बलात्कार करके, फिर जबरदस्ती धर्म परिवर्तन कराकर शादी करने का मामला सामने आया है.  इस मामले में सोलापुर में एक वकील सहित पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है.

सोलापुर के विजापुर नाका पुलिस स्टेशन की सीमा में यह घटना हुई है, और अब तक तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है. इजराइल शेख, उजेब शेख, और एड. अब्दुल्ला खतीब को पुलिस ने गिरफ्तार किया है, और दो अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं. लेकिन इस घटना से शहर में हंगामा मच गया है. 

ब्लैकमेल कर नाबालिग के साथ किया रेप

पुलिस के अनुसार, आरोपी इजराइल शेख पीड़िता नाबालिग लड़की का लगातार पीछा कर रहा था. दिसंबर 2024 में उसने पीड़िता की तस्वीरें और वीडियो प्राप्त किए और उसे ब्लैकमेल किया. फिर दोस्त उजेब शेख के घर ले जाकर उसके साथ रेप किया. दिसंबर 2025 में आरोपी इजराइल ने पीड़िता को शादी का लालच देकर शहर काजी कार्यालय ले गया. यहां एड. अब्दुल्ला खतीब ने कहा कि शादी के लिए धर्म परिवर्तन आवश्यक है और कुछ दस्तावेजों पर हस्ताक्षर कराए.

पीड़िता ने बीजापुर रोड पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराया और कहा कि जबरदस्ती धर्म परिवर्तन करके शादी करने के बाद, हमें कुछ महीने के लिए कर्नाटक के कलबुर्गी में रखा गया था. लेकिन वहां आरोपी के चचेरे भाई और उसकी मां ने पीड़िता को पीटा, भूखा रखा और प्रताड़ित किया. 

डीएनए रिपोर्ट से खुला सच- पुलिस

मानसिक रूप से कमजोर युवती से बलात्कार के मामले में पांच महीने बाद आखिरकार युवती के पिता को गिरफ्तार किया गया है. बच्चे का डीएनए पिता के डीएनए से मेल खाने के बाद यह गिरफ्तारी हुई है. इस मामले में सावधानी के तौर पर इलाके के 17 लोगों के डीएनए के नमूने लिए गए थे. सितंबर में कफ परेड में मानसिक रूप से कमजोर युवती से रेप होने से हंगामा मच गया था. शुरुआत में युवती के पेट में दर्द होने के कारण उसे कामा अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां जांच में पता चला कि वह पांच महीने की प्रेग्नेंट है.

लड़की मानसिक रूप से कमजोर होने के कारण वह यह नहीं बता पा रही थी कि उसके साथ यौन उत्पीड़न किसने किया. साथ ही, पिता ने शिकायत करने से इनकार कर दिया था. पुलिस ने बाद में एक सामाजिक संगठन के मनोचिकित्सक की मदद से चित्र बनाकर और फिंगर डॉल पद्धति का उपयोग करके युवती का बयान दर्ज किया. साथ ही, युवती के बयान के अनुसार सामने आई बातों और उपलब्ध सबूतों के आधार पर इलाके के 35 साल के व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया था. साथ ही, एक नाबालिग लड़के को भी पुलिस ने हिरासत में लिया था; इस मामले में गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ आरोप पत्र भी दाखिल किया गया है.

AZMI DESK

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