नामीबिया की टी20 वर्ल्ड कप टीम में सिर्फ 2 ही ब्लैक खिलाड़ी क्यों? जानिए इसके पीछे की वजह

Why Only 2 Black Players In Namibia T20 World Cup Team: आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप 2026 में नामीबिया की टीम को अगला मैच 12 फरवरी को भारत के खिलाफ खेलना है. इस मुकाबले को दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में खेला जाएगा. ये मैच नामीबिया के लिए काफी बड़ा है, क्योंकि उसे दुनिया की नंबर-1 टीम भारत के साथ खेलने का मौका मिल रहा है. हालांकि, इस मैच में टीम इंडिया का पलड़ा भारी है, लेकिन नामीबिया के खिलाड़ियों के पास पूरी दुनिया को अपना टैलेंट दिखाने का मौका है. इस मैच से पहले आइए आपको बताते हैं नामीबिया की टीम की एक खास बात. नामीबिया एक अफ्रीकी देश है, जहां 90 फीसदी से ज्यादा आबादी अश्वेत (ब्लैक) लोगों की है, लेकिन इसके बावजूद नामीबिया की टीम में सिर्फ दो ही ब्लैक खिलाड़ी हैं.
नामीबिया की टीम में सिर्फ 2 ब्लैक खिलाड़ी क्यों?
टी20 वर्ल्ड कप 2026 में नामीबिया के कप्तान गेरहार्ड इरासमस हैं. इस टीम में ज्यादातर साउथ अफ्रीकी मूल के श्वेत (व्हाइट) खिलाड़ी भरे हुए हैं, जबकि सिर्फ दो ही खिलाड़ी ऐसे हैं जो नामीबिया के ब्लैक खिलाड़ी हैं. इनमें पहला नाम बेन शिकॉन्गो का है, वहीं दूसरे खिलाड़ी मैक्स हेनिंगो हैं. ये दोनों ही खिलाड़ी तेज गेंदबाज हैं. अब आप सोच रहे होंगे कि जिस देश में 90 फीसदी से ज्यादा लोग ब्लैक हैं, उस देश की क्रिकेट टीम में सिर्फ 2 ही अश्वेत खिलाड़ी क्यों हैं, इसका कारण आइए आपको बताते हैं.
नामीबिया की टीम में ब्लैक खिलाड़ियों की कमी का कारण
नामीबिया की टीम में इतने कम ब्लैक खिलाड़ियों का पहला कारण ऐतिहासिक है. साल 1990 तक ये देश साउथ अफ्रीका के कब्जे में था. क्रिकेट को व्हाइट स्पोर्ट माना जाता था. व्हाइट लोगों के बच्चे जिन बड़े स्कूलों में पढ़ते थे, वहां क्रिकेट की कोचिंग मिलती थी. ब्लैक बहुसंख्यक इलाकों में क्रिकेट की पहुंच बहुत कम है. नामीबिया की राजधानी विंडहोक में ही ज्यादा क्रिकेट खेला जाता है और यहां ज्यादातर व्हाइट लोग रहते हैं. नामीबिया के दूसरे शहरों या ग्रामीण इलाकों में ब्लैक लोग ज्यादा रहते हैं, जिन्हें सॉकर काफी ज्यादा पसंद है. नामीबिया में कोटा सिस्टम भी साल 2010 से चल रहा है, लेकिन इसके बावजूद वहां बदलाव धीमा है, क्योंकि नामीबिया में क्रिकेट अभी काफी छोटा खेल है. नामीबिया की टीम अगर भारत के खिलाफ होने वाले मैच में अच्छा प्रदर्शन करती है, तो इस देश में क्रिकेट और ज्यादा पॉपुलर होगा.



