‘न्यूज बनाने और मॉनिटाइज करने के तरीकों का मौलिक रूप बदल रहा AI’, डिजिटल न्यूज के फ्यूचर पर बोलीं DNPA चीफ

नई दिल्ली में डिजिटल न्यूज पब्लिशर्स एसोसिएशन (DNPA) कॉन्क्लेव 2026 का आयोजन हुआ. DNPA की चेयरपर्सन और मनोरमा ऑनलाइन की सीईओ मरियम मैमन मैथ्यू ने गुरुवार को DNPA कॉन्क्लेव का उद्घाटन किया. इसमें डिजिटल जर्नलिज्म के भविष्य, एआई, रेगुलेटरी रिफॉर्म जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई. उन्होंने कहा, एआई और डिजिटल दुनिया होने वाले बदलाव न्यूज इंडस्ट्री को भी बदल रहे हैं. खबरों को बनाने से लेकर उनको लोगों तक पहुंचाने और उनसे कमाई तक, इन सब तरीकों में बड़ा बदलाव आ रहा है.
न्यूजरूम में AI के इस्तेमाल पर चर्चा
कॉन्क्लेव में इस बात पर चर्चा केंद्रित रही कि न्यूजरूम को कैसे AI-आधारित इकोसिस्टम के अनुकूल ढाला जा सकता है. डीएनपीए की अध्यक्ष और मनोरमा ऑनलाइन की सीईओ मरियम मम्मेन मैथ्यू ने इंडस्ट्री में आने वाले बड़े बदलावों पर प्रकाश डाला. टाइम्स ऑफ इंडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार, मैथ्यू ने इस क्षेत्र को एक निर्णायक मोड़ पर खड़ा बताया, जो विकसित होते डेटा गवर्नेंस मानदंडों, बदलते प्लेटफॉर्म इकोनॉमी और बदलते दर्शकों के व्यवहार से प्रभावित है.
क्या बोलीं DNPA प्रमुख?
भारत के उभरते एआई नियामक दृष्टिकोण का जिक्र करते हुए, उन्होंने सरकार और डिजिटल पब्लिशर के बीच लगातार संवाद के महत्व पर जोर दिया. उन्होंने बताया, DNPA ने जनरेटिव एआई, कॉपीराइट नियमों, डिजिटल पर्सनल डेटा प्रोटेक्शन फ्रेमवर्क और व्यापक न्यामक विकास को लेकर पॉलिसी मेकर्स के साथ बातचीत की है. मैथ्यू ने कहा, “मजबूत AI के लिए मजबूत और विश्वसनीय पत्रकारिता आवश्यक है.’ उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि इनोवेशन को विश्वास और संपादकीय अखंडता पर आधारित रहना चाहिए.
कॉन्क्लेव में जिन प्रमुख चुनौतियों की पहचान की गई, DNPA ने नीति निर्माताओं, टेक्नोलॉजी लीडर्स, इंडस्ट्री पार्टनर्स और पब्लिशर्स को एक मंच पर लाकर समस्याओं पर चर्चा करने के साथ मिलकर समाधान निकालने की कोशिश की है. उन्होंने कहा कि AI के दौर में टिकाऊ कमाई का मॉडल बनाना, बौद्धिक संपदा (इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी) की सुरक्षा करना और प्लेटफॉर्म पर निर्भरता कम करके अपने ट्रैफिक को मजबूत बनाना सबसे बड़ी चुनौतियां हैं.



