डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रेड डील को लेकर पहले क्यों दी जानकारी? पीयूष गोयल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिया जवाब

भारत और अमेरिका के बीच सोमवार को हुई ट्रेड डील को लेकर विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने सवाल उठाया है. विपक्ष की तरफ से पूछा गया कि अगर ये इतनी बड़ी कूटनीतिक जीत थी, तो इसका ऐलान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तरफ से क्यों नहीं किया? आखिर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया ट्रुथ सोशल पर इसका खुलासा क्यों किया? उन्होंने पूछा क्या भारत ने अमेरिका के प्रेशर में चुप्पी साधे रखी? अब विपक्ष के इन सवालों पर केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में जवाब दिया.
कांग्रेस ने की थी इस मुद्दे पर सरकार की घेराबंदी
इससे पहले कांग्रेस ने इस मुद्दे पर सरकार की घेराबंदी की कोशिश की थी. कांग्रेस नेता जयराम रमेश समेत अन्य विपक्षी नेताओं ने पूछा था कि जब देश के लिए इतना बड़ा फैसला लिया गया, तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्र को संबोधित क्यों नहीं किया?
विपक्ष का आरोप है कि ट्रंप ने अपने पोस्ट में लिखा है कि भारत अमेरिकी सामानों पर ड्यूटी जीरो कर देगा. यह एक तरह का सरेंडर है. ट्रंप अपनी जीत का जश्न मना रहे हैं, तो भारत सरकार चुपचाप उनकी शर्तें मान रही है. इसलिए घोषणा वाशिंगटन से हुई है.
पीयूष गोयल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिया ये जवाब
इस पर केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि अमेरिका ने टैरिफ लगाया था. यह फैसला भी उन्हीं का था. वे इसे घटाएंगे. जब उन्होंने टैरिफ घटाया, तो यह स्वाभाविक है कि उनको ही ये जानकारी दुनिया को देनी थी.
उन्होंने कहा कि समस्या की शुरुआत अमेरिका की तरफ से हुई थी. अब जब समाधान निकला है तो राहत देने वाले पक्ष के रूप में ट्रंप का यह बताना ही था कि उन्होंने अपनी शर्तों में बदलाव किया है.
इसके अलावा केंद्रीय मंत्री ने कांग्रेस के सरेंडर वाले आरोपों को नकार दिया है. उन्होंने समझाया कि कूटनीति में हमेशा शोर मचाना जरूरी नहीं होता. 2025 के बीच में ट्रंप ने भारत पर टैरिफ लगाया था. यह 50% था. तब पूरी दुनिया में हड़कंप मच गया था. इसे टैरिफ वॉर कहा जा रहा था. उस समय पीएम मोदी और विदेश मंत्रालय ने संयम बरता था. कोई जवाबी कार्रवाई या तीखी बयानबाजी नहीं की गई थी. इसी का परिणाम है कि टैरिफ को 50% से घटाकर 18% कर दिया गया है.



