सोनभद्र: रामलीला के दौरान तीर लगने से चली गई आंखों की रोशनी, SC/ST एक्ट में मामला दर्ज

सोनभद्र जिले से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां रामलीला के मंचन के दौरान हुआ एक हादसा अब आपराधिक मामले में बदल गया है. शाहगंज थाना क्षेत्र के खैरा गांव में आयोजित रामलीला कार्यक्रम में ‘रावण’ की भूमिका निभा रहे कलाकार सुनील कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए. बताया जा रहा है कि मंचन के दौरान ‘श्रीराम’ का किरदार निभा रहे नैतिक पांडेय द्वारा छोड़ा गया तीर उनकी आंख में जा लगा, जिससे उनकी एक आंख की दृष्टि चली गई.
घटना के बाद घायल कलाकार को तत्काल उपचार के लिए वाराणसी ले जाया गया, जहां उनका इलाज जारी है. चिकित्सकों के अनुसार चोट काफी गंभीर थी, जिसके कारण आंख की रोशनी प्रभावित हुई है.
घायल के भाई ने पुलिस से की मामले की शिकायत
हादसे के बाद इलाज के खर्च और जिम्मेदारी को लेकर कार्यक्रम आयोजकों और पीड़ित परिवार के बीच विवाद गहरा गया. मामले ने तब कानूनी रूप ले लिया जब घायल कलाकार के भाई शिवमलाल ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई. शिकायत में आरोप लगाया गया कि घटना केवल लापरवाही नहीं बल्कि आपसी द्वेष का परिणाम हो सकती है.
पुलिस ने एससी-एसटी एक्ट में दर्ज किया केस
पुलिस ने तहरीर के आधार पर नैतिक पांडेय और कार्यक्रम के आयोजक रामसनेही सिंह के खिलाफ अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (एससी/एसटी) अधिनियम सहित जान से मारने की धमकी देने की धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
परिजनों ने लगाया ये आरोप
परिजनों का आरोप है कि घटना के बाद जब उन्होंने इलाज की व्यवस्था कराने की बात कही, तो उनके साथ अभद्र व्यवहार किया गया और कथित तौर पर जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल करते हुए धमकियां दी गईं. इसके बाद उन्होंने थाने पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई.
पुलिस कर रही सभी पहलुओं की जांच
थानाध्यक्ष राम सिंहासन शर्मा ने पुष्टि की है कि प्रकरण दर्ज कर लिया गया है और सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच की जा रही है. उन्होंने कहा कि जांच के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.
यह घटना न केवल मंचीय सुरक्षा व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े करती है, बल्कि सांस्कृतिक आयोजनों में कलाकारों की सुरक्षा को लेकर भी नई बहस छेड़ रही है. स्थानीय स्तर पर इस मामले को लेकर चर्चा तेज है और लोग आयोजनों में सुरक्षा मानकों को सख्ती से लागू करने की मांग कर रहे हैं.



