IPL में खेलने के बाद गायब हो गई ये 5 टीम, एक जीत चुकी है खिताब; अब नहीं होगी वापसी

इंडियन प्रीमियर लीग दुनिया की सबसे बड़ी क्रिकेट लीग है, जिसकी शुरुआत साल 2008 में हुई थी. 18 सीजन खेले जा चुके हैं, 19वें संस्करण (IPL 2026) की शुरुआत 28 मार्च से होने जा रही है. पहला मैच रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेला जाएगा. यहां हम उन 5 टीमों की बात कर रहे हैं, जो कभी आईपीएल में खेला करती थी लेकिन अब नहीं खेलती. लीग के फैंस भी कई टीमों के बारे में अब भूल चुके होंगे, चलिए आपको उनके बारे में बताते हैं.
आईपीएल 2026 में कुल 10 टीमें खेलेंगी. लीग का पहला संस्करण 2008 में खेला गया था, जिसे राजस्थान रॉयल्स ने जीता था. पहले संस्करण में 8 टीमें खेली थी. 2021 तक हर सीजन 8-8 टीमें खेली, लेकिन 2022 में टीमों की संख्या बढ़कर 10 हो गई. गुजरात जायंट्स और लखनऊ सुपर जायंट्स, दो टीमें आईपीएल में जुड़ गई. इससे पहले कई अन्य टीमें लीग का हिस्सा बनी, जो अब नहीं खेलती.
आईपीएल 2026 में खेलने वाली 10 टीमें हैं- चेन्नई सुपर किंग्स, मुंबई इंडियंस, सनराइजर्स हैदराबाद, राजस्थान रॉयल्स, पंजाब किंग्स, दिल्ली कैपिटल्स, गुजरात जायंट्स, लखनऊ सुपर जायंट्स, रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु, कोलकाता नाइट राइडर्स. 2008 से लेकर अभी तक 5 टीम ऐसी रहीं, जो कभी लीग में खेलती थी लेकिन अब नहीं खेलती. उनके लीग से हटने के कारण अलग अलग हैं.
डेक्कन चार्जर्स
आईपीएल 2009 में एडम गिलक्रिस्ट की कप्तानी में डेक्कन चार्जर्स ने खिताब जीता, इस चैंपियन टीम का हिस्सा रोहित शर्मा भी थे. ये उनका पहला आईपीएल खिताब था 2010 में टीम सेमीफाइनल तक पहुंची, 2011 में टीम ने प्लेऑफ तक का रास्ता तय किया. लेकिन आर्थिक संकट के कारण टीम आगे नहीं खेल पाई. टीम के मालिक बीसीसीआई को जरुरी बैंक गारंटी नहीं दे पाए, जिसके कारण उनका आईपीएल कॉन्ट्रैक्ट खत्म हो गया. 2013 में डेक्कन चार्जर्स की जगह आईपीएल में सनराइजर्स हैदराबाद को शामिल किया गया.
कोच्चि टस्कर्स केरला
आईपीएल 2011 में कोच्चि टस्कर्स केरला को शामिल किया गया, लेकिन ये टीम सिर्फ 1 सीजन ही खेल पाई. इस टीम के कप्तान महेला जयवर्धने थे, इस टीम में रवींद्र जडेजा, ब्रैंडन मैक्कुलम भी थे. टीम ने अपने एकमात्र सीजन में खेले 14 में से 6 मैच जीते थे. बीसीसीआई ने टीम का कॉन्ट्रैक्ट खत्म कर दिया था, क्योंकि ये टीम भी अपनी बैंक गारंटी जमा नहीं कर पाई थी. मामला अदालत पहुंचा तो अदालत ने बीसीसीआई को दोषी ढहराते हुए 800 करोड़ रुपये से ज्यादा का मुआवजा देने का फैसला दिया.
पुणे वॉरियर्स इंडिया
2011 सीजन से पुणे वॉरियर्स इंडिया की आईपीएल में एंट्री हुई. ये टीम 3 सीजन खेली, लेकिन सभी में उनका प्रदर्शन अच्छा नहीं था. सहारा ग्रुप ने इस टीम को लगभग 3000 करोड़ रुपये में खरीदा था, ये उस समय सबसे महंगी टीम थी. सहारा ग्रुप ने टीम की बोली इस आधार पर लगाई थी कि हर सीजन 94 मैच होंगे, लेकिन बीसीसीआई ने मैचों की संख्या 74 कर दी थी. सहारा ग्रुप ने फ्रेंचाइजी फीस कम करने की मांग की थी, जो पूरी नहीं की गई.
पुणे वॉरियर्स इंडिया ने आईपीएल के 3 सीजन खेले, लेकिन कभी भी ये टीम प्लेऑफ तक नहीं पहुंची. उनके आखिरी सीजन में तो टीम ने 3 कप्तान बदले, इस टीम के पहले कप्तान सौरव गांगुली थे.
गुजरात लॉयन्स और राइजिंग पुणे सुपरजायंट
2016 और 2017 में जब चेन्नई सुपर किंग्स और राजस्थान रॉयल्स को ससपेंड किया गया था, अब अस्थाई रूप से गुजरात लॉयन्स और राइजिंग पुणे सुपरजायंट को आईपीएल में शामिल किया गया था. गुजरात की कप्तानी सुरेश रैना ने संभाली, जिनकी कप्तानी में टीम ने दोनों सीजन में प्लेऑफ तक का सफर तय किया.
2016 में एमएस धोनी ने राइजिंग पुणे सुपरजायंट की कमान संभाली, लेकिन टीम का प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा और टीम 7वें स्थान पर रही. 2017 में स्टीव स्मिथ कप्तान रहे. 2017 में टीम फाइनल तक पहुंची, लेकिन खिताबी मुकाबले में मुंबई इंडियंस से हार गई. 2018 में सीएसके और राजस्थान की वापसी हुई तो इन टीमों का सफर खत्म हो गया.



