पुणे: रेड लाइट एरिया में छापे में पकड़ी गईं 11 बांग्लादेशी महिलाएं, PITA एक्ट के तहत केस दर्ज

पुणे शहर के बुधवार पेठ स्थित रेड लाइट इलाके में पुणे पुलिस ने कल (17 फरवरी) रात छापेमारी कर देह व्यापार स्थलों पर मौजूद महिलाओं की जांच की. इस कार्रवाई के दौरान देह व्यापार में संलिप्त 11 महिलाएं बांग्लादेशी होने का खुलासा उनके दस्तावेजों की जांच में हुआ. पुलिस ने संबंधित महिलाओं के साथ-साथ देह व्यापार संचालित करने वालों के खिलाफ PITA कानून के तहत मामला दर्ज किया है. साथ ही इन महिलाओं को बांग्लादेश वापस भेजने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी.
बुधवार पेठ में हुई इस कार्रवाई की समीक्षा स्वयं पुलिस आयुक्त ने की. अवैध रूप से रह रही बांग्लादेशी महिलाओं के खिलाफ कार्रवाई का जायजा लेने के लिए पुलिस आयुक्त खुद मौके पर पहुंचे. वे फरासखाना पुलिस थाने भी पहुंचे. फरासखाना पुलिस थाना क्षेत्र में खडक पुलिस द्वारा यह कार्रवाई की गई.
हिरासत में 22 महिलाएं
पुणे के पुलिस आयुक्त अमितेश कुमार ने जानकारी देते हुए कहा कि उन्होंने पहले ही संकेत दिया था कि बुधवार पेठ में अवैध गतिविधियां चल रही हैं और उस पर कार्रवाई की जाएगी. उसी के तहत कल रात दोबारा छापेमारी की गई. कार्रवाई के दौरान 11 बांग्लादेशी महिलाएं पाई गईं. कुल 22 महिलाओं को हिरासत में लिया गया है.
दलालों और इमारतों के खिलाफ भी कार्रवाई
पुलिस आयुक्त ने कहा कि बुधवार पेठ क्षेत्र में ऐसी गतिविधियों को सहायता करने वाले सभी लोगों को आरोपी बनाया जाएगा. जो भी अवैध गतिविधियां हैं, उनसे जुड़ी सभी इमारतों की जांच कर कार्रवाई की जाएगी. पुलिस विभाग की कानूनी कार्रवाई आवश्यकता पड़ने पर और तेज की जाएगी. बुधवार पेठ में महिलाओं को लाने वाले दलालों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी. PITA कानून के तहत कार्रवाई जारी है.
भारती विद्यापीठ हत्या मामले पर स्पष्टीकरण
भारती विद्यापीठ क्षेत्र में महिला की हत्या के मामले में जानकारी देते हुए पुलिस आयुक्त ने स्पष्ट किया कि यह सामूहिक बलात्कार का मामला नहीं है. एक महिला का शव बरामद हुआ था, जो देह व्यापार से जुड़ी बताई जा रही है. इस मामले में 6 आरोपी पुलिस हिरासत में हैं. सामूहिक दुष्कर्म की कोई घटना सामने नहीं आई है, यह केवल हत्या का मामला है.



