‘देश और लॉरेंस भाई के खिलाफ…’, बिश्नोई गैंग ने पाकिस्तानी एजेंट शहजाद भट्टी पर हमले का किया दावा

लॉरेंस बिश्नोई गिरोह ने एक बहुत बड़ा और सनसनीखेज दावा किया है. गिरोह ने पाकिस्तान स्थित कुख्यात गैंगस्टर और ISI के गुर्गे शहजाद भट्टी पर पुर्तगाल में हुए हमले की जिम्मेदारी ली है. यह हमला गिरोह की अंतरराष्ट्रीय क्षमता दिखाने वाला है, क्योंकि वे जेल में बंद लॉरेंस बिश्नोई के सम्मान की रक्षा के लिए कोई दूरी बहुत ज्यादा नहीं मानते.
लॉरेंस बिश्नोई के खिलाफ बोलने वाले की सांसें बंद कर देंगे
लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के वरिष्ठ सदस्य रणदीप मलिक ने सोशल मीडिया पर पोस्ट करके इस हमले की जिम्मेदारी ली है. उन्होंने लिखा है ‘जो देश के खिलाफ और लॉरंस भाई के खिलाफ बोलेगा, उसकी सांस बंद कर देंगे.’ गिरोह का कहना है कि जो कोई भी राष्ट्र या लॉरेंस बिश्नोई के खिलाफ खड़ा होगा, उसे दुनिया के किसी भी कोने में सुरक्षा नहीं मिलेगी.
रणदीप मलिक ने लिखा, ‘राम-राम सभी भाइयों! जो यह (शहजाद भट्टी) पर हमला हुआ है, यह मैंने, रणदीप मलिक और अनिल पंडित USA ने करवाया है. जो भी हमारे देश के खिलाफ बोलेगा, उसकी सांसें बंद करने की कोशिश ऐसे ही जारी रहेगी. कोई भी, कहीं भी दुनिया के कौने में छुपेगा उसको वहीं मार देंगे.’
लॉरेंस गैंग का पुराना साथी था शहजाद भट्टी
शहजाद भट्टी पाकिस्तान के कराची से ऑपरेट करता है और भारतीय जांच एजेंसियों के अनुसार वह पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI का प्रमुख प्रॉक्सी है. वह सीमा-पार आतंक मॉड्यूल चलाता है, सोशल मीडिया के जरिए भारतीय युवाओं को भर्ती करता है, हथियारों और नशीले पदार्थों की तस्करी में भी शामिल है. उसके नाम पर गुरदासपुर पुलिस स्टेशन पर ग्रेनेड हमला, अन्य आतंकी गतिविधियां और भारत में हाई-रिस्क लोगों को निशाना बनाने की साजिशें जुड़ी हैं.
दिल्ली पुलिस ने हाल ही में उसके तीन शूटर्स को गिरफ्तार किया था, जो उसके निर्देश पर काम कर रहे थे. भट्टी सोशल मीडिया पर एक्टिव रहता है, यूट्यूब वीडियो बनाता है और पहले लॉरेंस बिश्नोई गिरोह का साथी था, लेकिन बाद में दुश्मनी हो गई. उसने लॉरेंस बिश्नोई और उसके भाई अनमोल को खुलेआम जान से मारने की धमकियां दी थीं.
लॉरेंस गैंग के ऑपरेटिव दुनियाभर में मौजूद
पुर्तगाल पुलिस ने अभी तक इस घटना पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है और यह स्पष्ट नहीं है कि शहजाद भट्टी हमले में घायल हुए, मारे गए या बच गए. गिरोह ने इसे अपनी ताकत का प्रदर्शन बताया है, क्योंकि उनका नेटवर्क अब क्षेत्रीय से वैश्विक स्तर पर फैल चुका है, जिसमें सैकड़ों ऑपरेटिव शामिल हैं. पहले यह गिरोह ब्लैकबक शिकार मामले (सलमान खान से जुड़े) के लिए जाना जाता था, लेकिन अब खुद को राष्ट्र-विरोधी तत्वों के खिलाफ गार्डियन के रूप में पेश कर रहा है.



