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‘तारीख 26, साल भी 26…’ सपा चीफ अखिलेश यादव ने इस अंदाज में दी गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं

उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने देश को 77वें गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं दी हैं. सोशल मीडिया साइट एक्स पर अखिलेश ने एक पोस्ट के जरिए बधाई दी.

सपा चीफ ने लिखा कि स्वतंत्र भारत के इतिहास में ये एक अनूठा  गणतंत्र दिवस है, जब तारीख़ भी 26 है साल भी 26 है. इसीलिए इस विशेष गणतंत्र दिवस की विशेष बधाई और शुभकामनाएँ! आइए इस विशेष गणतंत्र दिवस पर देश के गणतंत्र के आधार जनतंत्र और उसके आधार ‘संविधान’ की रक्षा का विशिष्ट संकल्प उठाएं. जय हिंद!

मैनपुरी सांसद डिंपल यादव ने भी शुभकामनाएं दीं. उन्होंने लिखा कि मस्त देशवासियों को ‘गणतंत्र दिवस’ की हार्दिक शुभकामनाएं.

चंद्रशेखर आजाद ने भी दी बधाई

नगीना से सांसद और आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद ने 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर देशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए संविधान के मूल्यों को अपनाने का आह्वान किया. उन्होंने कहा कि 26 जनवरी 1950 को भारत ने अपना महान संविधान अपनाया, जो केवल एक कानूनी दस्तावेज़ नहीं, बल्कि समानता, न्याय और स्वतंत्रता के आदर्शों पर आधारित भारतीय लोकतंत्र की मजबूत नींव है.

चंद्रशेखर आजाद ने संविधान निर्माता डॉ. भीमराव आंबेडकर के ऐतिहासिक वक्तव्य को उद्धृत करते हुए कहा कि बाबा साहेब ने संविधान सभा में चेतावनी दी थी कि भारत राजनीतिक समानता की ओर बढ़ेगा, लेकिन सामाजिक और आर्थिक असमानताएं एक बड़ी चुनौती बनी रहेंगी. उन्होंने कहा कि यह संदेश आज भी प्रासंगिक है और समाज को आत्ममंथन करने के लिए प्रेरित करता है.

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भेदभाव को खत्म करने का लें संकल्प- आजाद

सांसद चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि देश को जाति, धर्म, वर्ग और लिंग के आधार पर होने वाले भेदभाव को खत्म करने का संकल्प लेना चाहिए. उन्होंने हर नागरिक को शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा और रोजगार के समान अधिकार सुनिश्चित करने पर जोर दिया और कहा कि यही संविधान की वास्तविक भावना है.

उन्होंने नागरिकों से अपने संवैधानिक कर्तव्यों का पालन करने और बंधुत्व व एकता के भाव को मजबूत करने की अपील की. चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि गणतंत्र दिवस का वास्तविक अर्थ तभी पूरा होगा, जब भारत हर नागरिक के लिए समान रूप से स्वतंत्र और सशक्त देश बने.

AZMI DESK

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